Home
Class 12
PHYSICS
LCR परिपथ किसी अवमंदित लोलक के तुल्य होत...

LCR परिपथ किसी अवमंदित लोलक के तुल्य होता है। किसी LCR परिपथ में संधारित्र को `Q_(0)`, तक आवेशित किया गया है और फिर इसे चित्र में दर्शाए अनुसार L व R से जोड़ा गया है। यदि एक विद्यार्थी L के दो विभिन्न मानों`L_(1)` तथा `L_(2)(L_(1)>L_(2))` के लिए समय t तथा संधारित्र पर अधिकतम आवेश के वर्ग `(Q^(2)max))` के बीच  दो ग्राफ बनाता है, तो निम्नांकित में से कौन-सा ग्राफ सही है ? (यहाँ आरेख केवल व्यवस्था आरेख है तथा स्केल के अनुसार नहीं है

A

B

C

D

लिखित उत्तर

Verified by Experts

The correct Answer is:
(d)

किसी क्षण t पर किरचॉफ के द्वितीय नियम से,
`(Q)/(C)-IR-L(dl)/(dt)=0`
किंतु `I =-(dQ)/(dt)rArr(Q)/(C)+R(dQ)/(dt)+L(d^(2)Q)/(dt^(2))=0`
या `(d^(2)Q)/(dt^(2))+(R)/(L)(dQ)/(dt)+(Q)/(LC)=0`
यह समीकरण अवमंदित लोलक के समीकरण के अनुरूप है जो निम्न है
` (d^(2)x)/(dt^(2))+(b)/(m)(dx)/(dt)+(k)/(m)x=0`
इसका आयाम `A= A_(0)e^((b)/(2m)t)` तुलना करने पर, `Q_(max) = Q_(0)e^((R)/(2L)l)` या = `Q_(max)^(2)=Q_(0)e^((R)/(2L)l)`
अतः कम प्रेरकत्व `(L_(2))` के लिए अवमंदन तेजी से होगा।
Promotional Banner

टॉपर्स ने हल किए ये सवाल

  • विद्युतचुंबकीय प्रेरण

    NAVBODH|Exercise NCERT पाठ्यपुस्तक के प्रश्नोत्तर|24 Videos
  • विद्युतचुंबकीय प्रेरण

    NAVBODH|Exercise NCERT अतिरिक्त अभ्यास|5 Videos
  • विद्युतचुंबकीय प्रेरण

    NAVBODH|Exercise बोधात्मक प्रश्न प्लस|17 Videos
  • विद्युत धारा

    NAVBODH|Exercise NCERT पाठ्यपुस्तक के प्रश्नोत्तर (अतिरिक्त अभ्यास)|1 Videos
  • विधुत आवेश एवं क्षेत्र

    NAVBODH|Exercise आंकिक प्रश्न|17 Videos
NAVBODH-विद्युतचुंबकीय प्रेरण-बहुविकल्पीय प्रश्न प्लस
  1. एक परिपथ में प्रेरकत्व L तथा धारिता C चित्रानुसार जोड़े गये हैं।A(1) व...

    Text Solution

    |

  2. 2mH स्वप्रेरकत्व वाली प्रेरण कुंडली में धारा समय केसाथ I =t^(2)e^(-t) ...

    Text Solution

    |

  3. एक ट्रांसफॉर्मर के प्राथमिक और द्वितीयक कुंडलियों में फेरों की संख्या ...

    Text Solution

    |

  4. 400 ओम प्रतिरोध की एक कुंडली को एक चुंबकीय क्षेत्र में रखा गया है। यदि...

    Text Solution

    |

  5. दिए गए चित्र में समय के फलन के रूप में 10Omega प्रतिरोध की कुंडली में ...

    Text Solution

    |

  6. क्षेत्र, जहाँ पृथ्वी का चुंबकीय क्षेत्र .5.0 xx10^(-5)न्यूटन ऐम्पियर ^...

    Text Solution

    |

  7. एक तार-लूप को चुंबकीय क्षेत्र में घुमाया जाता है। प्रेरित वि. वा. बल क...

    Text Solution

    |

  8. लंबाई की एक धातु की छड़ लंबाई 2l की डोरी से बंधी है और डोरी के एक सिरे...

    Text Solution

    |

  9. चित्र में दिखाए अनुसार r त्रिज्या का एक पतला चालक अर्धवृत्तीय  बलय (Ri...

    Text Solution

    |

  10. चित्र में दिखाए गए परिपथ में बिंदुC को बिंदुA से तब तक जोड़े रखा जाता ...

    Text Solution

    |

  11. भुजा का एक वर्गाकार चालक फ्रेम तथा । धारावाही एक लंबा सीधा तार आरेख मे...

    Text Solution

    |

  12. चित्र में दिखाए अनुसार एक इलेक्ट्रॉन सरल रेखा XY पर गति करता है। इलेक्...

    Text Solution

    |

  13. दिखाए गए परिपथ में एक प्रेरक (L=0.03 हेनरी) तथा एक प्रतिरोधक (R= 0.15k...

    Text Solution

    |

  14. LCR परिपथ किसी अवमंदित लोलक के तुल्य होता है। किसी LCR परिपथ में संधार...

    Text Solution

    |

  15. एक लंबी परिनालिका में 1000 फेरे हैं। जब इससे 4A की धारा प्रवाहित होती ...

    Text Solution

    |

  16. त्रिज्या 0.3 सेमी का एक वृत्तीय लूप एक काफी बड़े त्रिज्या 20 सेमी त्रि...

    Text Solution

    |

  17. यहाँ दिए गए परिपथ में तीन सर्वसम प्रतिरोधक, दो सर्वसम प्रेरक और एक आदर...

    Text Solution

    |

  18. किसी प्रेरक से 60 mA की धारा प्रवाहित करने पर उस प्रेरक में संचित चुंब...

    Text Solution

    |

  19. चुंबकीय फ्लक्स के बदलने. से 100Omega प्रतिरोध की कुंडली में प्रेरित धा...

    Text Solution

    |

  20. एक लंबी परिनालिका का व्यास 0.1 मीटर है। इसमें तार के फेरों की संख्या 2...

    Text Solution

    |