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Class 12
PHYSICS
एकसमान चुम्बकीय क्षेत्र में आवेशित कण के...

एकसमान चुम्बकीय क्षेत्र में आवेशित कण के वृत्तीय मार्ग में गति के लिये (i) वृत्तीय मार्ग की त्रिज्या तथा (ii) कण के आवर्तकाल के लिये व्यंजक प्राप्त कीजिये।

लिखित उत्तर

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माना कि एक आवेशित कण जिस पर आवेश की मात्रा q है, B चुम्बकीय क्षेत्र में क्षेत्र के लम्बवत् v वेग से प्रवेश करती है, तो आवेश पर लगने वाला लारेंज बल
`F=qvBsin90^(@)=qvB` ….(1)
फ्लेमिंग के बायें हाथ के नियमानुसार इस बल की दिशा वेग v और क्षेत्र B दोनों के लम्बवत् होगी।
इस प्रकार आवेशित कण पर बल F लग रहा है जो उसके वेग के लम्बवत् है, यह तभी सम्भव होगा जब आवेशित कण वृत्तीय पथ में गति करे।

(i) इस वृत्तीय गति के लिये यह आवश्यक है कि लॉरंज बल F आवेशित कण को आवश्यक अभिकेंद्र बल प्रदान करे । यदि आवेशित कण का द्रव्यमान m तथा वृत्तीय पथ की त्रिज्या r हो, तो
लारेंज बल = अभिकेंद्र बल
या `qvB=(mv^(2))/r`
या `r=(mv)/(qB)` ...(1)
या `r=p/(qB)` (जहाँ mv = p कण का संवेग)...(2)
यही अभीष्ट व्यंजक है।
(ii) कण का आवर्तकाल=`("वृत्तीय मार्ग की परिधि")/("वेग")`
या `T=(2pir)/v`
समी. (1) से r का मान रखने पर,
`T=(2pimv)/(v.qB)`
या `T=(2pim)/(qB)` यही अभीष्ट व्यंजक है।
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