दिए गये चित्र में `2 mu F, 3mu F` तथा `5 mu F` धारिता के तीन संधरित्र A तथा B के बिच परस्पर समान्तरबंध है अतः दिए गये परिपथ को निचे चित्र से प्रतिस्थापित किया जा सकता है |
`2 mu F, 3mu F `तथा `5 mu F` के समान्तर संयोजन की तुल्यधारिता C हो तो
`C = C_1+C_2 + C_3`
` = 2mu F + 3muF+ 5 mu F = 10 mu F`
अब उपयुक्त चित्र निम्न परिपथ में प्रतिस्थापित किया जा सकता है ---
अब `10 mu F` और मूल परिपथ में दिया गया `10 mu F` बिंदुओं X और Y के बिच परस्पर श्रेणीबन्ध है अतः यदि इनकी तुल्यधारिता C हो तो
`1/C = 1/C_1 + 1/C_2 `से
`=1/10 +1/10 = 2/10 =1/5`
`rArr " "1/C =1/5`
या `C = 5 mu F`
यही X तथा Y के बिच तुल्याधायर्ता होगी