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BIOLOGY
वाष्योत्सर्जन एक आवश्यक बुराई हैं। इस कथ...

वाष्योत्सर्जन एक आवश्यक बुराई हैं। इस कथन की व्याख्या कीजिए।

लिखित उत्तर

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कुछ वैज्ञानिकों के अनुसार वाष्पोत्सर्जन एक आवश्यक दुगुर्ण है। क्योंकि पादपों द्वारा अवशोषित जल की कुछ मात्रा पौधे की विभिन्न उपाचयी क्रियाओं में काम आती है तथा अधिकांश जल की मात्रा वाष्प के रूप में त्याग दी जाती है। वाष्पोत्सर्जन की क्रिया पौधों के लिए काफी लाभप्रद भी होती है क्योंकि-
(i)वाष्पोत्सर्जन की क्रिया जल व खनिज लवणों के अवशोषण की दर को बढ़ाती है।
(ii) यह क्रिया पौधों में चूषण बल उत्पन्न कर रसारोहण क्रिया में सहायक है जिससे जल का ऊपरीमुखी चालन होता है।
(iii) वाष्पोत्सर्जन क्रिया पौधों में तापमान को नियन्त्रित रखती है।
(iv) इस क्रिया से पौधों में जल का निष्क्रिय अवशोषण होता है।
(v) यह क्रिया फलों को मीठा बनाती है।
(vi) इस क्रिया से पादप शरीर का अनावश्यक जल बाहर निकल जाता है |
नोट- सामान्य अवस्था में अवशोषण की दर कम होने पर वाष्पोत्सर्जन की दर भी कम हो जाती है तथा पर्णों में अस्थायी म्लानता उत्पन्न होती है। किन्तु अवशोषण की दर यदि निरन्तर कम बनी रहती है तो पौधों में स्थायी म्लानता उत्पन्न हो जाती है। ऐसी अवस्था में वाष्पोत्सर्जन क्रिया ही पौधों की मृत्यु का कारण बन जाता है।
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