Home
Class 12
PHYSICS
जीवित कार्बनयुक्त द्रव्य की सामान्य ऐक्‍...

जीवित कार्बनयुक्त द्रव्य की सामान्य ऐक्‍टिवता प्रति ग्राम कार्बन के लिए 15 क्षय प्रति मिनट है। यह ऐक्‍टिवता, स्थायी समस्थानिक `._(6)^(14)C` के साथ-साथ अल्प मात्रा में विद्यमान रेडियोकऐक्‍टिव `._(6)^(12)C` के कारण होती है। जीव की मृत्यु होने पर वायुमंडल के साथ इसकी अन्योन्य क्रिया (जो उपरोक्त संतुलित ऐक्‍टिवता को बनाए रखती है) समात हो जाती है तथा इसकी ऐक्‍टिवता कम होनी शुरू हो जाती है। `._(6)^(14)C` की ज्ञात (5730 वर्ष) और नमूने की मापी गई ऐक्‍टिवता के आधार पर इसकी सन्‍निकट आयु की गणना की जा सकती हैं यह पुरातत्व विज्ञान में प्रयुक्त होने वाली `._(6)^(14)C` कालनिर्धारण पद्धति का सिद्धांत हैं यह मानकर कि मोहनजोदड़ों से प्राप्त किसी नमूने की ऐक्‍टिवता 9 क्षय प्रति मिनट प्रति ग्राम कार्बन है। सिंधु घाटी सभ्यता की सन्‍निकट आयु का आकलन कीजिए।

Promotional Banner
Recommended Questions
  1. जीवित कार्बनयुक्त द्रव्य की सामान्य ऐक्‍टिवता प्रति ग्राम कार्बन के लि...

    Text Solution

    |

  2. क्या होता है जब (viii) NaOH की CI(2) के साथ अभिक्रिया कराई जाती है।

    Text Solution

    |

  3. अंकों 1,2,3,4 से 4 अंकों की संख्या बनाई जाती है जिसमें अंकों की पुनराव...

    Text Solution

    |

  4. CH3COOC2H5 , C2H5MgBr की अधिकता के साथ जलअपघटन पर देता है

    Text Solution

    |

  5. (Na2CO3+NaHCO3) के मिश्रण में अनुमापन के लिए HCL की आवश्यक मात्रा फेनो...

    Text Solution

    |

  6. 852 ग्राम P(4)O(10) के साथ कैल्शियम ऑक्साइड की अभिक्रिया के लिए इसकी आ...

    Text Solution

    |

  7. NH3 के साथ अभिक्रिया करने पर एक कार्बनिक यौगिक A, B का निर्माण करता है...

    Text Solution

    |

  8. उच्च तापमान पर एक साम्यावस्था क्रियाकारकां की ओर विस्थापित हो जाती है ...

    Text Solution

    |

  9. रेडियोएक्टिव ""^14C के क्षय के लिए अर्द्धआयु 5730 वर्ष है। लकड़ी की एक...

    Text Solution

    |