Home
Class 9
PHYSICS
न्यूटन के गति- नियमों की परिभाषा तथा...

न्यूटन के गति- नियमों की परिभाषा तथा व्याख्या उदारहण सहित दो।

लिखित उत्तर

Verified by Experts

न्यूटन का पहला गति- नियम बताता हैं इस ब्रह्रमांड में सभी कुछ तब तक विराम अवस्था या सरल रेखीय एक समान गति में ही रहेगा जब तक कोई बाहरी बल अवस्था परिवर्तन के लिए इस पर क्रिया नही करता ।
(1) पहले भाग के अनुसार जो वस्तु विराम अवस्था है। वह तब तक विराम अवस्था में ही रहेगी जब तक इसकी अवस्था परिवर्तन के लिए बाहर से कोई बल नही लगाया जाता ।
(ii) इस नियम के दूसरे भाग के अनुसार कोई वस्तु सरल रेखीय एक समान गति से गतिशील तब तक ऐसा करती रहेगी जब तक उसे रोकने के लिये कोई बाहरी बल नही लगाया जाता । किंतु ऐसा हमारे दैनिक जीवन से कुछ भिन्न दिखाई देता है। उदाहरण के लिए जैसे ही हम बल लगाया जाता है। साइकिल रूक जाती है। ध्यानपूर्वक अध्ययन से पता चला कि साइकिल के टायरों और भूमि के बीच घर्षण बल क्रिया करता है। जो बाहरी पिवरीत बल के रूप में क्रिया करता है। वायु के कारण भी गति अवरूदध होती है।
न्यूटन का दूसरा गति – नियम यह बताता हैं (i) किसी वस्तु की संवेग परिवर्तन की दर उस पर क्रिया कर रहे बल के समानुपाती होती है।
(ii) बाहरी बल किसी कारण हो रहा संवेग परिवर्तन लगाये गए बल की दिशा में क्रिया करता है। जब कोई बल किसी वस्तु पर किय्रा करता है। तो यह वस्तु का संवेग परिवर्तन करता है। यदि बल दुगुना होता है। जितना अधिक बल लगाया जाता हैं संवेग परिवर्तन की दर भी उतनी ही अधिक होती है। संवेग पुजा और वेग का गुणनफल प्राय: द्रव्यमान परिवर्तन नही होता है। अत: संवेग परिवर्तन की दर वास्तव में वेग परिवर्तन की दर है। अत: लगाया गया बल प्रवेग के समानुपाती है। जब विराम अवस्था में पडी वस्तु पर कोई बाहरी बल क्रिया जाता है। तो वस्तु बल की दिशा में गतिशील हो जाती है।
न्यूटन का तीसरा गति – नियम – यह बताता है। कि प्रत्येक क्रिया के लिए बराबर और विपरीत प्रतिक्रिया होती है।
व्याख्या के लिए उदाहरण -
(i) दो एक समान स्प्रिग तुलाओं पर विचार करो जो एक- दूसरे के साथ हुक में हुक डाल कर जुडे हुए है। स्पिंग तुला A का एक सिरा

स्थिर सहारे में बंधा हुआ है। तुला B के स्वतंत्र सिरे को दाई ओर खीचे । हम देानो तुलाओं में एक समान पठन देखते है। तुला A तुला B को उसी बल के साथ विपरीत दिशा में खीचती है।
इसका कारण यह है कि फिसलन भरी जगह पर घर्षण पर घर्वण बहुत कम हेाता है। और ऐसी जगह पर हम सरलता से पीछे की दिशा में किया नही कर पाते।
Promotional Banner

टॉपर्स ने हल किए ये सवाल

  • बल तथा गति

    MBD HINDI-HARYANA BOARD|Exercise लघु उत्तरात्मक प्रश्न|22 Videos
  • बल तथा गति

    MBD HINDI-HARYANA BOARD|Exercise अति उत्तरात्मक प्रश्न|13 Videos
  • प्राकृतिक सपंदा

    MBD HINDI-HARYANA BOARD|Exercise बहुविकल्पीय प्रश्न|10 Videos
  • बल तथा गति के नियम

    MBD HINDI-HARYANA BOARD|Exercise OTHER IMPORTANT QUESTIONS (संख्यात्मक प्रश्न)|42 Videos
MBD HINDI-HARYANA BOARD-बल तथा गति-अति उत्तरात्मक प्रश्न
  1. न्यूटन के गति- नियमों की परिभाषा तथा व्याख्या उदारहण सहित दो।

    Text Solution

    |

  2. बल का प्रयोग किस लिए किया जाता है।

    Text Solution

    |

  3. किसी स्थान पर रखा कोई पिंड किस अवस्था में गति नही करता है।

    Text Solution

    |

  4. किसी रखे हुए पिंड को खिसकाने का कार्य कौन करता हैं

    Text Solution

    |

  5. वस्तु को खिसकाने के लिए लगाए गए बल की किस दिशा में घर्षण बल कार्...

    Text Solution

    |

  6. घर्षण बल कहाँ उत्पन्न होता है।

    Text Solution

    |

  7. किसी वस्तु को किस अवस्था में धकेला जा सकता है।

    Text Solution

    |

  8. घर्षण बल से अधिक बल लगा कर।

    Text Solution

    |

  9. घर्षण बल किस प्रकार घटाया जा सकता है।

    Text Solution

    |

  10. न्यूटन की गति का पहला नियम क्या है।

    Text Solution

    |

  11. जडत्व किसे कहते है।

    Text Solution

    |

  12. हल्की और भारी वस्तुओं में से जडतव किसका अधिक होता हैं

    Text Solution

    |

  13. संवेग का S.I मात्रक लिखिए।

    Text Solution

    |

  14. न्यूटन बल की परिभाषा दीजिए।

    Text Solution

    |