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PHYSICS
5 ओम प्रतिरोध के तार के साथ कितने ...

5 ओम प्रतिरोध के तार के साथ कितने ओम प्रतिरोध का तार समान्तर - क्रम में जोड़ा जाये जिससे परिणामी तुल्य - प्रतिरोध 4 ओम हो जाये ?

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ओम का नियम | प्रतिरोधकता | प्रतिरोध के तापमान पर निर्भर

ओम के नियम की सीमाएं |प्रतिरोध तथा प्रतिरोधक |प्रतिरोध की ताप पर निर्भरता

If the length of a rectangle is increased in the ratio 6:7 and its breadth is diminished in the ratio 5 : 4 then its area will be diminished in the ratio. यदि किसी आयत की लम्बाई में 6: 7 के अनुपात में वृद्धि तथा उसकी चौड़ाई में 5 : 4 के अनुपात में कमी हो जाये, तो उसके क्षेत्रफल में किस अनुपात में कमी हो जायेगी?

PERMUTATIONS शब्द के अक्षरों को कितने तरीकों से व्यवस्थित किया जा सकता है, यदि (i) चयनित शब्द का प्रारंभ P से तथा अंत S से होता है । (ii) चयनित शब्द में सभी स्वर एक साथ हैं ? (iii) चयनित शब्द में P तथा S के मध्य सदैव 4 अक्षर हों ?

गद्यांश को पढ़कर निम्नलिखित प्रश्नों में सबसे उचित विकल्प चुनिए। गाँधीजी मानते थे कि सामाजिक या सामूहिक जीवन की ओर बढ़ने से पहले कौटुम्बिक जीवन का अनुभव प्राप्त करना आवश्यक है। इसलिए वे आश्रम-जीवन बिताते थे। वहाँ सभी एक भोजनालय में भोजन करते थे। इससे समय और धन तो बचता ही था, साथ ही सामूहिक जीवन का अभ्यास भी होता था। लेकिन यह सब होना चाहिए, समय-पालन, सुव्यवस्था और शुचिता के साथ। इस ओर लोगों को प्रोत्साहित करने के लिए गाँधीजी स्वयं भी सामूहिक रसोईघर में भोजन करते थे। भोजन के समय दो बार घण्टी बजती थी। जो दूसरी घण्टी बजने तक भोजनालय में नहीं पहुँच पाता था, उसे दूसरी पंक्ति के लिए बरामदे में इन्तजार करना पड़ता था। दूसरी घण्टी बजते हो रसोईघर का द्वार बन्द कर दिया जाता था, जिससे बाद में आने वाले व्यक्ति अन्दर न आने पाएँ। एक दिन गाँधीजी पिछड़ गए। संयोग से उस दिन आश्रमवासी श्री हरिभाऊ उपाध्याय भी पिछड़ गए! जब वे वहाँ पहुँचे तो देखा कि बापू बरामदे में खड़े हैं। बैठने के लिए न बैंच हैं, न कुर्सी हरिभाऊ ने विनोद करते हुए कहा, "बापूजी आज तो आप भी गुनहगारों के कठघरे में आ गए है।" गाँधीजी खिलखिलाकर हँस पड़ें! बोले. "कानून के सामने तो सब बराबर होते हैं न?" हरिभाऊ जी ने कहा, "बैठने के लिए कुर्सी लाऊँ, बापू?" गाँधीजी बोले, "नहीं, उसकी जरूरत नहीं है। सजा पूरी भुगतनी चाहिए। उसी में सच्चा आनन्द है।" सभी भोजनालय में एक साथ भोजन करते थे। इससे

गद्यांश को पढ़कर निम्नलिखित प्रश्नों में सबसे उचित विकल्प चुनिए। गाँधीजी मानते थे कि सामाजिक या सामूहिक जीवन की ओर बढ़ने से पहले कौटुम्बिक जीवन का अनुभव प्राप्त करना आवश्यक है। इसलिए वे आश्रम-जीवन बिताते थे। वहाँ सभी एक भोजनालय में भोजन करते थे। इससे समय और धन तो बचता ही था, साथ ही सामूहिक जीवन का अभ्यास भी होता था। लेकिन यह सब होना चाहिए, समय-पालन, सुव्यवस्था और शुचिता के साथ। इस ओर लोगों को प्रोत्साहित करने के लिए गाँधीजी स्वयं भी सामूहिक रसोईघर में भोजन करते थे। भोजन के समय दो बार घण्टी बजती थी। जो दूसरी घण्टी बजने तक भोजनालय में नहीं पहुँच पाता था, उसे दूसरी पंक्ति के लिए बरामदे में इन्तजार करना पड़ता था। दूसरी घण्टी बजते हो रसोईघर का द्वार बन्द कर दिया जाता था, जिससे बाद में आने वाले व्यक्ति अन्दर न आने पाएँ। एक दिन गाँधीजी पिछड़ गए। संयोग से उस दिन आश्रमवासी श्री हरिभाऊ उपाध्याय भी पिछड़ गए! जब वे वहाँ पहुँचे तो देखा कि बापू बरामदे में खड़े हैं। बैठने के लिए न बैंच हैं, न कुर्सी हरिभाऊ ने विनोद करते हुए कहा, "बापूजी आज तो आप भी गुनहगारों के कठघरे में आ गए है।" गाँधीजी खिलखिलाकर हँस पड़ें! बोले. "कानून के सामने तो सब बराबर होते हैं न?" हरिभाऊ जी ने कहा, "बैठने के लिए कुर्सी लाऊँ, बापू?" गाँधीजी बोले, "नहीं, उसकी जरूरत नहीं है। सजा पूरी भुगतनी चाहिए। उसी में सच्चा आनन्द है।" दूसरी घण्टी के बाद रसोईघर का दरवाजा बन्द कर दिया जाता होगा

एमीटर, वोल्टमीटर और मीटर सेतु और फ्यूज तार और प्रतिरोध के वर्ण कोड पर प्रश्न

Two numbers A and B are in the ratio 5 : 2. If 4 is added to each number then this ratio becomes 9 : 4. If 5 is subtracted from each of the original numbers , then the ratio of A and B will be: दो संख्याएं A और B 5 : 2 के अनुपात में हैं |यदि प्रत्येक संख्या में 4 जोड़ा जाए, तो यह अनुपात 9 : 4 हो जाता है | यदि प्रत्येक मूल संख्या में से 5 घटाया जाए, तो A और B का अनुपात क्या हो जाएगा ?