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CHEMISTRY
मेथेन (CH(4)) के लिए चतुष्फलकीय ज्यामिति...

मेथेन (`CH_(4)`) के लिए चतुष्फलकीय ज्यामिति से अलग अन्य दूसरी ज्यामिति वर्ग समतलीय होती है जिसमें वर्ग के कोनों पर चार 'H' परमाणु होते है तथा केन्द्र में 'C' परमाणु रहता है। व्याख्या कीजिए `CH_(4)` वर्ग समतलीय क्यों नहीं है?

लिखित उत्तर

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`CH_(4)` की चतुष्फलकीय और वर्ग समतलीय संरचनाएँ दर्शायी गयी

VSERP सिद्धान्त के अनुसार, सहसंयोजी अणु के चारों ओर साझित इलेक्ट्रॉन युग्मों को अन्तरिक्ष में व्यवस्थित किया जाता है कि उनमें प्रतिकर्षण का बल न्यूनतम हो जाये। अब, वर्ग समतलीय ज्यामिति में, बंध कोण `90^(@)` होता है चतुष्फलकीय ज्यामिति में `109^(@)–28.` होता है | यह स्पष्ट दर्शाया है कि चतुष्फलकीय ज्यामिति में इलेक्ट्रॉन प्रतिकर्षण वर्ग समतलीय ज्यामिति की । अपेक्षा कम होते है। अतः मेथेन को वर्ग समतलीय संरचना द्वारा प्रदर्शित नही किया जा सकता है
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