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Class 10
PHYSICS
राजस्थान में जल संचयन की प्रमुख पारम्परि...

राजस्थान में जल संचयन की प्रमुख पारम्परिक विधि खड़ीन का वर्णन कीजिए।

लिखित उत्तर

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खड़ीन खेती की एक पद्धति है, जिसमें वर्षा का जल संचित करके खेतों की नमी को बरकरार रखा जाता है। यह एक खास किस्म की मिटटी । में ही संभव है नहीं तो जमीन में सेम की समस्या आने का खतरा रहता है।
खड़ीन में पहाड़ी ढलान पर काफी लंबी लगभग 4 से 5 फुट ऊँचा बाँध बनाकर पानी को रोका जाता है। जिसके एक सिरे पर पत्थर से एक । मजबूत दीवार बनाई जाती है जिसे पंखा कहते हैं और इस पंखे से लगी कुछ दूर तक पत्थर का मेंढ़ बनाया जाता है जिसके ऊपर से खडीन के भरने के । बाद अतिरिक्त पानी निचले खड़ीनों में जाता है। इसतरह से एक बाद दूसरी | फिर तीसरी यानी सभी खड़ीनें जो एक-दूसरे से जुड़ी हैं, पूरी तरह पानी से भर जाती हैं और इनके सूखने पर इसमें कृषि की जाती है, जिसके लिए जमीन के अन्दर लम्बे समय तक नमी बनी रहती है।
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