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PHYSICS
S. I. पद्धति से आप क्या समझते हैं ? इसकी...

S. I. पद्धति से आप क्या समझते हैं ? इसकी पद्धति में मूल मात्रकों एवं पूरक मात्रकों के नाम लिखिए एवं इनके संकेत बताइए।

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अधिशोषक के सक्रियण से आप क्या समझते हैं? यह कैसे प्राप्त किया जाता हैं?

पिछली कक्षा का विवरण|धात्विक ऑक्साइड की अम्ल के साथ अभिक्रिया|अधात्विक ऑक्साइड और क्षार|अम्ल एवं क्षारक परस्पर कैसे अभिक्रिया करते हैं|अम्ल तथा क्षारकों में समानताए|जलीय विलयन में अम्ल या क्षारक का क्या होता हैं|जल के साथ अम्लों तथा क्षारकों का व्यवहार

पिछली कक्षा का विवरण|धात्विक ऑक्साइड की अम्ल के साथ अभिक्रिया|अधात्विक ऑक्साइड और क्षार|अम्ल एवं क्षारक परस्पर कैसे अभिक्रिया करते हैं|अम्ल तथा क्षारकों में समानताए|जलीय विलयन में अम्ल या क्षारक का क्या होता हैं|जल के साथ अम्लों तथा क्षारकों का व्यवहार

गद्यांश को पढ़कर निम्नलिखित प्रश्नों में सबसे उचित विकल्प चुनिए। लोक कथाएँ आम जीवन में सदियों से रची-बसी हैं। इन में हम भूमिका निभाते हैं। अगर हम अपनी पढ़ी हुई लोक कथाओं को याद करें तो सहजता से हमें इनके कई उदाहरण मिल जाते हैं। जब हम कहानी सुना रहे होते हैं तो बच्चों से हमारी यह अपेक्षा रहती है कि वे पहली घटी घटनाओं को जरूर दोहराएँ। बच्चे भी घटना को याद रखते हुए साथ-साथ मजे से दोहराते हैं। इस तरह कथा सुनाने की इस प्रक्रिया में बच्चे इन घटनाओं को एक क्रम में रख कर देखते हैं। इन क्रमिक घटनाओं में एक तर्क होता है जो बच्चों के मनोभावों से मिलता-जुलता है। 'कहानी की क्रमिक घटनाओं में एक तर्क होता है जो बच्चों के मनोभावों से मिलता-जुलता है।' वाक्य किस ओर संकेत करता है?

हमारे देश के त्योहार चाहे धार्मिक दृष्टि से मनाए जा रहे हैं या नए वर्ष के आगमन के रूप में फसल की कटाई एवं खलिहानों के भरने की खुशी में हों या महापुरुषों की याद में सभी देश की राष्ट्रीय एवं सांस्कृतिक एकता और अखंडता को मजबूती प्रदान करते हैं। ये त्योहार जनमानस में उल्लास, उमंग एवं खुशहाली भर देते हैं, ये हमारे अंदर देश-भक्ति एवं गौरव की भावना के साथ-साथ, विश्व-बंधुत्व एवं समन्वय की भावना भी बढ़ाते हैं। इनके द्वारा महापुरुषों के उपदेश हमें इस बात की याद दिलाते हैं कि सदविचार एवं सद्भावना द्वारा ही हम प्रगति की ओर बढ़ सकते हैं। इन त्योहारों के माध्यम से हमें यह भी संदेश मिलता है कि वास्तव में धर्मो का मूल लक्ष्य एक है, केवल उस लक्ष्य तक पहुँचने के तरीके अलग-अलग हैं। 'अलग-अलग तरीके' के माध्यम से किस ओर संकेत किया गया है?

हमारे देश के त्योहार चाहे धार्मिक दृष्टि से मनाए जा रहे हैं या नए वर्ष के आगमन के रूप में फसल की कटाई एवं खलिहानों के भरने की खुशी में हों या महापुरुषों की याद में सभी देश की राष्ट्रीय एवं सांस्कृतिक एकता और अखंडता को मजबूती प्रदान करते हैं। ये त्योहार जनमानस में उल्लास, उमंग एवं खुशहाली भर देते हैं, ये हमारे अंदर देश-भक्ति एवं गौरव की भावना के साथ-साथ, विश्व-बंधुत्व एवं समन्वय की भावना भी बढ़ाते हैं। इनके द्वारा महापुरुषों के उपदेश हमें इस बात की याद दिलाते हैं कि सदविचार एवं सद्भावना द्वारा ही हम प्रगति की ओर बढ़ सकते हैं। इन त्योहारों के माध्यम से हमें यह भी संदेश मिलता है कि वास्तव में धर्मो का मूल लक्ष्य एक है, केवल उस लक्ष्य तक पहुँचने के तरीके अलग-अलग हैं। निम्नलिखित में से कौन-सा त्योहार किसी महापुरुष से नहीं जुड़ा है?