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Class 12
PHYSICS
एक आयताकार कुंडली ABCD को चित्रानुसार कि...

एक आयताकार कुंडली ABCD को चित्रानुसार किसी तुला के एक सिरे से लटकाया जाता है। कुंडली के भार को संतुलित करने के लिए 500g के द्रव्यमान को दूसरी भुजा पर लटकाया जाता है। अब कुंडली में से 9.8 A की धारा को गुजारा जाता तथा अन्दर की ओर क्रियाशील (xz तल में) 0.4 T के स्थिर चुम्बकीय क्षेत्र को इस प्रकार से उत्पन्न किया जाता है कि केवल 1.5 cm लम्बाई वाली CD भुजा ही क्षेत्र में हो। संतुलन को पुन: पाने के लिए और कितने द्रव्यमान m को शामिल किया जाना चाहिए?

A

4 g

B

5 g

C

6 g

D

7 g

लिखित उत्तर

Verified by Experts

The correct Answer is:
C

चुम्बकीय क्षेत्र की अनुपस्थिति में, एक पलड़े में शामिल किया गया भार तुला के अन्य पलड़े में आयताकार कुंडली को संतुलित कर देता है।
`therefore Mgl=W_"कुंडली"l` या `W_"कुंडली"`=Mg = 0.5 x 9.8 N
जब धारा I कुंडली में से गुजरती है तथा चुम्बकीय क्षेत्र का स्विच खुला होता है।
माना m संतुलन को पुन: प्राप्त करने के लिए प्रथम पेन में जोड़ा गया द्रव्यमान है।
तो Mgl + mgl = `W_"कुंडली"`l+IBL sin `90^@`l
mgl=IBL l
`m=(IBL)/g=(9.8xx0.4xx1.5xx10^(-2))/9.8`
`=0.6xx10^(-2)` kg
`=6xx10^(-3)` kg = 6 g
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