वृत्तीय गति का हमारे दैनिक जीवन में एक विशेष महत्व है, हम चारों ओर वृत्तीय गति के अनेक उदाहरण प्राप्त करते हैं। वृत्तीय गति त्रिज्यीय सदिश के साथ द्विविमीय गति का एक उदाहरण है। `r=a cos omega t hati +a sin omega t hatj` सदिश `a sin omega t hati` और `a sin omega t hatj` दोनों परस्पर लम्बवत् हैं।