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Class 11
PHYSICS
अधिक ऊँचाई से गिरनेवाला पिण्ड सीमान्त वे...

अधिक ऊँचाई से गिरनेवाला पिण्ड सीमान्त वेग को प्राप्त करता है । व्याख्या करें ।

लिखित उत्तर

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गुरुत्वाकर्षण के खिंचाव के कारण अधिक ऊँचाई से गिरनेवाले पिण्ड की गति त्वरित होती है और इसका वेग धीरे-धीरे बढ़ता है । लेकिन पिण्ड को हवा जैसे माध्यम से होकर गिरने से इसपर श्यानता के कारण एक खिंचाव बल (Dragging force) कार्य करता है । यह बल पिण्ड की गति का विरोध करता है । एक ऐसा समय आता है .जब गुरुत्वीय बल और श्यान बल एक-दूसरे के बराबर होते हैं । ऐसी स्थिति में पिण्ड में त्वरण नहीं रहता है और वह समरूप वेग से गतिशील रहता है । यह वेग सीमान्त वेग कहलाता है ।
इस सीमान्त वेग से वर्षा की बूंदें गिरती हैं जिससे न तो चोट का अनुभव होता है और न उन बूंदों से जमीन में छेद होता है ।
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