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Class 12
CHEMISTRY
हेबर विधि से अमोनिया के औद्योगिक निर्माण...

हेबर विधि से अमोनिया के औद्योगिक निर्माण का नामांकित चित्र सहित वर्णन कीजिए। सम्बन्धित अभिक्रियाओं के समीकरण भी लिखिए।

लिखित उत्तर

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अमोनिया की औद्योगिक निर्माण(हेबर प्रक्रम)विधि-यदि शुद्ध नाइट्रोजन और हाइड्रोजन के 1: 3 अनुपात के .मिश्रण को गर्म किया जाए तो अमोनिया बनती है।
`N_2 + 3H_2 iff 2NH_3 uarr + 23,400 `कैलोरी
यह एक ऊष्माक्षेपी उत्क्रमणीय अभिक्रिया है और अभिक्रिया के पश्चात् आयतन में कमी होती है, इसलिए ला-शातेलिए के नियमांनुसार, कम ताप और अधिक दाब पर अमोनिया अधिक उत्पन्न होगी।
कम ताप पर अभिक्रिया का वेग बढ़ाने के लिए एक उत्प्रेरक प्रयोग किया जाता है। इस अभिक्रिया का उत्प्रेरक की उपस्थिति में अनुकूलतम कम ताप `450-500^@C` तथा उच्च दाब 200 वायुमण्डल है क्योकि अभिक्रिया उत्क्रमणीय है, इसलिए अमोनिया को बराबर क्रिया क्षेत्र से हटाने के बाद, अमोनिया गैस अधिक बनेगी। इस अभिक्रिया में लोहे का बारीक चूर्ण (उत्प्रेरक) तथा मॉलिब्डेनम (उत्प्रेरक वर्धक) की सूक्ष्म मात्रा प्रयुक्त होती है। इसमें गैसीय मिश्रण शुद्ध होना चाहिए, जिससे उत्प्रेरक विषाक्त न हो।
विधि (Method)-शुद्ध `N_2` तथा `H_2` को 1 : 3 के अनुपात में मिलाकर 200 वायुमण्डल दाब पर तप्त लोहे के बारीक चूर्ण (उत्प्रेरक) को, जिसमें मॉलिब्डेनम (उत्प्रेरक वर्धक) मिला होता है, `500^@C`.ताप पर उत्प्रेरक कक्ष में गर्म करते हैं। इस विधि में 10-15% अमोनिया बनती है, जिसे संघनित्र में प्रवाहित करके द्रवित कर लेते हैं। शेष गैसों को फिर से उत्प्रेरक कक्ष में प्रवाहित करते हैं जिससे `N_2` व `H_2` के संयोजन द्वारा `NH_3`का लगातार उत्पादन होता रहता है
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