Home
Class 12
CHEMISTRY
ओजोन के औद्योगिक निर्माण का सचित्र वर्णन...

ओजोन के औद्योगिक निर्माण का सचित्र वर्णन कीजिए तथा इसके अपचायकं गुण की पुष्टि हेतु एक रासायनिक अभिक्रिया दीजिए।

लिखित उत्तर

Verified by Experts

सीमेन्स-हालस्के का ओजोनाइजर (Siemens and Halske.s ozonizer)-ओजोन का औद्योगिक निर्माण सीमेन्स और हालस्के के ओजोनाइजर (Siemens and Halske.s ozonizer) की सहायता से किया जाता है जिसमें ऐलुमिनियम की छड़युक्त काँच के दो बेलन (cylinders) रखे होते हैं। छड़ और बेलन के बीच से शुष्क वायु प्रवाहित की जाती है। लगभग 8000 से 10000 वोल्ट तक के विभवान्तर पर विद्युत विसर्ग प्रवाहित करने पर ऑक्सीजन ओजोन में परिवर्तित हो जाती है।. उपकरण को ठण्डा रखने के लिए इसके बीच के भाग में जल प्रवाहित किया जाता है। लोहे के बक्स को भूयोजित (earthed) कर दिया जाता है

( ओजोन का अपचायक गुण-ओजोन कुछ अभिक्रियाओं में अपचायक का कार्य करती है। परन्तु इनमें यह स्वयं भी अपचयित हो जाती है। ऐसी अभिक्रियाओं में दो पदार्थ अपचयित होकर अभिक्रियाफल देते हैं। ऐसी अभिक्रियाओं को पारस्परिक अपचयन अभिक्रियाएँ कहते हैं। उदाहरणार्थ-यह हाइड्रोजन परॉक्साइड को जल में अपचयित करती है -
`H_2O_2 + O_3 to 2O_2 + H_2O`
ओजोनमण्डल-पृथ्वी के चारों ओर ऊपरी वायुमण्डल में ओजोन की एक परत पायी जाती है। पराबैंगनी विकिरणों की ऑक्सीजन अणु से प्रतिक्रिया का उत्पाद समतापमण्डल में उपस्थित ओजोन है। ओजोन की इस परत को ही ओजोनमण्डल कहते हैं।
महत्त्व-यह आजोनमण्डल सूर्य से आने वाली पराबैंगनी किरणों की कुछ ऊर्जा को अवशोषित कर लेता है। अतः पृथ्वी पर ये किरणें कम ऊर्जा के साथ पहुँचती हैं। इस प्रकार ओजोनमण्डल पराबैंगनी किरणों से प्राणियों पर होने वाले दुष्प्रभाव को कम कर देता है।
Promotional Banner