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BIOLOGY
हीमो-अपोहनी इकाई को कृत्रिम वृक्क क्यों ...

हीमो-अपोहनी इकाई को कृत्रिम वृक्क क्यों कहते हैं?

लिखित उत्तर

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हीमो-अपोहनी इकाई (Haemodialysing Unit)-हीमो-अपोहनी या हीमोडाएलाइजिंग इकाई को कृत्रिम वृक्क इसलिए कहा जाता है क्योंकि यह वही कार्य करती है जो वृक्क करते हैं अर्थात् रक्त से नाइट्रोजनी उत्सर्जी पदार्थों को अलग करना। इस प्रक्रिया में रक्त प्लाज्मा की प्रोटीन्स व अन्य संघटकों का संघटन ज्यों का त्यों बना रहता है, केवल नाइट्रोजनी अपशिष्ट अलग होते हैं। कृत्रिम वृक्क ऐसे रोगियों में प्रयोग किए जाते हैं जिनके गुर्दो (kidneys) ने अस्थायी या स्थायी रूप से कार्य करना बन्द कर दिया है। इस प्रक्रिया में रक्त से नाइट्रोजनी पदार्थों का पृथक्करण साधारण विसरण प्रक्रिया द्वारा कराया जाता है।
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