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CHEMISTRY
प्रतिजननक्षमता औषधों की आवश्यकता क्यों प...

प्रतिजननक्षमता औषधों की आवश्यकता क्यों पड़ी? इनका संक्षिप्त परिचय दीजिए।

लिखित उत्तर

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प्रतिजीवाणु क्रान्ति ने मनुष्य को दीध एवं स्वस्थ जीवन प्रदान किया है। इससे जीवन की सम्भावनाएँ लगभग दुगुनी हो गई हैं तथा जनसंख्या में अंपार वृद्धि हुई है। अधिक जनसंख्या ने भोजन, संसाधन, पर्यावरण तथा बेरोजगारी इत्यादि विषयों से सम्बन्धित अनेक समस्याएँ उत्पन्न की हैं। इन समस्याओं पर नियन्त्रण के लिए जनसंख्या नियन्त्रण की आवश्यकता है। इसने परिवार नियोजन की धारणा को प्रोत्साहन दिया है। प्रतिजननक्षमता औषध इसी दिशा में उपयोगी है। जनन नियन्त्रण औषधियों में आवश्यक रूप से संश्लिष्ट एस्ट्रोजन एवं प्रोजेस्टेरोन व्युत्पन्नों का मिश्रण होता है। दोनों ही यौगिक हॉर्मोन होते हैं। प्रोजेस्टेरोन अण्डोत्सर्ग को निरोधित करता है। संश्लेषित प्रोजेस्टेरोन व्युत्पन्न प्राकृतिक प्रोजेस्टेरोन से अधिक प्रभावशाली होते है। नॉरएथिनडान संश्लिष्ट प्रोजेस्टेरोन व्युत्पन्न का एक उदाहरण है जो व्यापक रूप से जनन नियन्त्रण औषधियों में प्रयुक्त होता है। एथाइनिलएस्ट्राडाइऑल (नोवएस्ट्रॉल) एक एस्ट्रोजन व्युत्पन्न है जो प्रोजेस्टेरोन व्युत्पन्न के साथ जनन नियन्त्रण औषधियों में प्रयुक्त होता है।
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