Home
Class 9
PHYSICS
उत्क्षेप अथवा उत्प्लावन बल से क्या तात्प...

उत्क्षेप अथवा उत्प्लावन बल से क्या तात्पर्य है? उत्प्लावन के नियम चित्र की सहायता से समझाइए।

लिखित उत्तर

Verified by Experts

उत्क्षेप अथवा उत्प्लावन बल-प्रत्येक द्रव अपने अन्दर पूर्ण अथवा आंशिक रूप से डूबी हुई वस्तु पर ऊपर की ओर एक बल लगाता है, इस बल को ही उत्क्षेप अथवा उत्प्लावन बल कहते हैं। इसी बल के कारण ही द्रव में डूबी वस्तुएँ अपने वास्तविक भार से हल्की लगती हैं। यह बल वस्तु द्वारा हटाए गए द्रव के गुरुत्व केन्द्र पर कार्य करता है, जिसे उत्प्लावन केन्द्र कहते हैं।
प्लवन (तैरने) अथवा उत्प्लावन का नियम-जब किसी वस्तु को किसी द्रव में पूर्णत: अथवा आंशिक रूप से डुबोया जाता है तो वस्तु पर दो बल कार्य करते हैं
(i) वस्तु का भार (W) जो वस्तु के गुरुत्व केन्द्र पर ऊर्ध्वाधर दिशा में नीचे की ओर कार्य करता है।
(ii) वस्तु द्वारा हटाए गए द्रव के उत्प्लावन केन्द्र पर ऊर्ध्वाधर दिशा में ऊपर की ओर कार्य करने वाला द्रव का उत्क्षेप-बल (F) |
वस्तु का तैरना अथवा डूबना इन दोनों बलों W तथा F के आपेक्षिक मान पर निर्भर करता है। इन दोनों बलों का परिणामी बल जिस दिशा में कार्य करेगा, वस्तु उसी दिशा में गति करेगी। इसकी तीन अवस्थाएँ सम्भव हैं -
(i) `W gt F`, अर्थात् जब वस्तु का भार वस्तु द्वारा हटाए गए द्रव के भार से अधिक है। इस स्थिति में, वस्तु पर कार्य करने वाला परिणामी बल (W-F) नीचे की ओर लगेगा जिसके कारण वस्तु द्रव में नीचे को डूबती जाएगी तथा बर्तन की तली पर जाकर टिक जाएगी, जैसे-लोहे का टुकड़ा जल में डूब जाता है
(ii) W = F, अर्थात् जब वस्तु का भार वस्तु द्वारा हटाए गए द्रव के भार के बराबर है। इस स्थिति में, वस्तु पर कार्य करने. वाला परिणामी बल (W - F) शून्य होगा। अत: वस्तु द्रव में पूरी डूबी हुई तैरेगी अर्थात् वस्तु द्रव में जिस स्थान पर होगी वहीं पर बनी रहेगी। यह वस्तु की द्रव में उत्प्लावन अथवा तैरने की अवस्था है।

(iii) `W lt F`, अर्थात् जब वस्तु का भार वस्तु द्वारा हटाए गए द्रव के भार से कम है। इस स्थिति में, वस्तु पर कार्य करने वाला परिणामी बल (F-W) ऊपर की ओर लगेगा जिसके कारण वस्तु आंशिक रूप से डूबी हुई तैरेगी अर्थात् वस्तु को स्वतन्त्र छोड़ देने पर वस्तु ऊपर की ओर उठने लगेगी | जैसे ही वस्तु द्रव की सतह से बाहर निकलने लगेगी, उत्क्षेप बल F घटते-घटते वस्तु के भार W के बराबर हो जाएगा तो वस्तु वहीं पर ठहर जाएगी ।
सन्तुलन की स्थिति में (W = F) वस्तु का कुछ भाग द्रवं के भीतर तथा शेष भाग द्रव के बाहर रहेगा। यह भी वस्तु के तैरने की अवस्था है। इस अवस्था में वस्तु पर परिणामी बल अर्थात् वस्तु का आभासी भार शून्य होता है। अत: तैरने के लिए आवश्यक है कि वस्तु का भार द्रव के उत्क्षेप-बल से कम होना चाहिए। यही प्लवन का सिद्धान्त. अथवा .तैरने का सिद्धान्त. है। यदि किसी तैरती हुई वस्तु का आकार इस प्रकार है कि उस पर लगने वाले दोनों बल एक रेखा में नहीं हैं तो ये बल, एक. बल-युग्म बनाएंगे जिससे वस्तु घूमने लगेगी। ऐसा तब ही होता है, जब वस्तु का घनत्व द्रव के घनत्व से कम हो, अत: वस्तु के सन्तुलन में तैरने के लिए दोनों भार एक ही ऊर्ध्वाधर रेखा में कार्य करने चाहिए।
Promotional Banner

टॉपर्स ने हल किए ये सवाल

  • गुरुत्वाकर्षण

    CHITRA PUBLICATION|Exercise अन्य महत्त्वपूर्ण प्रश्नोत्तर (लघु उत्तरीय प्रश्नोत्तर ?)|30 Videos
  • गुरुत्वाकर्षण

    CHITRA PUBLICATION|Exercise अन्य महत्त्वपूर्ण प्रश्नोत्तर (अतिलघु उत्तरीय प्रश्नोत्तर ?)|13 Videos
  • गुरुत्वाकर्षण

    CHITRA PUBLICATION|Exercise NCERT विज्ञान प्रश्न प्रदर्शिका (Science Exemplar Problems) पुस्तक से चयनित महत्त्वपूर्ण प्रश्नों के हल (बहुविकल्पीय प्रश्नोत्तर ?) |13 Videos
  • गति

    CHITRA PUBLICATION|Exercise अन्य महत्वपूर्ण प्रश्नोत्तर (बहुविकल्पीय प्रश्नोत्तर?)|13 Videos
  • ध्वनि

    CHITRA PUBLICATION|Exercise अन्य महत्त्वपूर्ण प्रश्नोत्तर (बहुविकल्पीय प्रश्नोत्तर)|14 Videos
CHITRA PUBLICATION-गुरुत्वाकर्षण -अन्य महत्त्वपूर्ण प्रश्नोत्तर (विस्तृत उत्तरीय प्रश्नोत्तर ?)
  1. गुरुत्वाकर्षण बल से आप क्या समझते हैं? उदाहरण सहित समझाइए।

    Text Solution

    |

  2. न्यूटन का गुरुत्वाकर्षण नियम लिखिए तथा गुरुत्वाकर्षण बल के लिए सूत्र क...

    Text Solution

    |

  3. सार्वत्रिक गुरुत्वाकर्षण नियतांकG की परिभाषा लिखिए। इसका मान तथा मात्र...

    Text Solution

    |

  4. गरुत्वीय बल से क्या तात्पर्य है? इसके प्रमख व्यावहारिक उपयोग भी लिखिएव...

    Text Solution

    |

  5. सिद्ध कीजिए यदि दो वस्तुओं पर पृथ्वी द्वारा आरोपित गुरुत्वीय बल बराबर ...

    Text Solution

    |

  6. गुरुत्वीय त्वरण से क्या तात्पर्य है? इसका आंकिक-मान तथा मात्रक लिखिए।

    Text Solution

    |

  7. गुरुत्वीय त्वरण g तथा गुरुत्वाकर्षण नियतांक G में सम्बन्ध स्थापित कीजि...

    Text Solution

    |

  8. गुरुत्वीय त्वरण g का मान भूमध्य रेखा पर सबसे कम तथा ध्रुवों पर सबसे अध...

    Text Solution

    |

  9. पृथ्वी की घूर्णन गति का गुरुत्वीय त्वरण g पर क्या प्रभाव पड़ता है?

    Text Solution

    |

  10. भार तथा द्रव्यमान से क्या तात्पर्य है? इनमें क्या सम्बन्ध है?

    Text Solution

    |

  11. उत्क्षेप अथवा उत्प्लावन बल से क्या तात्पर्य है? उत्प्लावन के नियम चित्...

    Text Solution

    |

  12. आर्किमिडीज का सिद्धान्त लिखिए। इसका प्रायोगिक सत्यापन किस प्रकार किया ...

    Text Solution

    |

  13. किसी पदार्थ के आपेक्षिक घनत्व से आप क्या समझते हैं? स्पष्ट कीजिए।

    Text Solution

    |