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Class 10
PHYSICS
विद्युत आपूर्ति में लघुपथन और अतिभारण से...

विद्युत आपूर्ति में लघुपथन और अतिभारण से क्या तात्पर्य है? स्पष्ट कीजिए।

लिखित उत्तर

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लघुपथन (Short-circuiting)-विद्युत परिपथ में लघुपथन का अर्थ यह है कि परिपथ में कहीं पर विद्युतमय तथा उदासीन तार परस्पर सम्पर्कित हो गए हैं। इस स्थिति में परिपथ का प्रतिरोध बहुत कम रह जाता है और धारा बहुत अधिक बढ़ जाती है। ऐसा होने पर परिपथ के तार बहुत गर्म हो जाते हैं और लघुपथन के स्थान पर चिंगारी उत्पन्न होने लगती है। लघुपथन के कारण घर में आग भी लग सकती है। अतिभारण (Overloading)-घर के परिपथ की वायरिंग करते समय सर्वप्रथम घर में होने वाली विद्युत ऊर्जा की खपत का आकलन किया जाता है और तब ऐसे वाहक तारों का प्रयोग किया जाता है जो घर के परिपथ में प्रवाहित होने वाली महत्तम धारा को वहन कर सकें। यदि किसी कारणवश घर के परिपथ में व्यय होने वाली विद्युत ऊर्जा पहले से आकलित ऊर्जा से बहुत अधिक हो जाती है तो परिपथ में प्रवाहित विद्युत धारा का मान बहुत अधिक बढ़ जाता है और परिपथ के तार गर्म हो जाते हैं। इस स्थिति को अतिभारण कहा जाता है। अतिभारण की स्थिति में भी घर में आग लगने का खतरा उत्पन्न हो जाता है।
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