Home
Class
DN_SHORTS
मोदी जी के बॉडीगॉर्ड हमेशा काला चश्मा क्...

मोदी जी के बॉडीगॉर्ड हमेशा काला चश्मा क्यों पहनते हैं? #shorts

Promotional Banner

Similar Questions

Explore conceptually related problems

क्यों ? एक ऐसा सवाल है, जिसका जवाब देने का प्रयास हम माता-पिता हमेशा से करते आए हैं। यह अच्छी बात है कि बच्चे सवाल पूछते हैं। सीखने का इससे बढ़िया कोई और तरीका नहीं हो सकता। सभी बच्चों के पास सीखने के दो स्रोत होते हैं कल्पनाशीलता और उत्सुकता माता-पिता के रूप में आप अपने बच्चों की कल्पनाशीलता व उत्सुकता को बढ़ावा देकर उसे सीखने के आनंद से सराबोर कर सकते हैं। शिक्षण और सीखना महज स्कूल की चारदीवारी के भीतर संपन्न होने वाली रहस्मय गतिविधियाँ नहीं हैं। वे तब भी होती हैं, जब माता-पिता और बच्चे बेहद आसान चीजों को साथ-साथ करते हैं। उदाहरण के लिए, धुलने वाले कपड़ों के ढेर से मोजों को उनके जोड़े के हिसाब से छाँटकर गणित और विज्ञान की गुत्थियाँ सुलझा सकते हैं। साथ मिलकर खाना बना सकते हैं, क्योंकि खाना बनाने से गणित और विज्ञान के अलावा सेहत की भी सीख मिलती है। एक-दूसरे को कहानियाँ सुना सकते हैं। कहानी सुनाना पढ़ने और लिखने का आधार है। उछल-कूद वाले खेलों से बच्चे गिनती सीखते हैं और जीवन-पर्यंत अच्छी सेहत का पाठ भी पढ़ते है। बच्चों के साथ मिलकर कुछ करने से आप समझ जाएँगे कि सीखना मनोरंजक और बेहद महत्त्वपूर्ण क्रिया-कलाप है। किनके 'क्यों' प्रश्न का उत्तर देने का प्रयास हम करते आए हैं?

क्यों ? एक ऐसा सवाल है, जिसका जवाब देने का प्रयास हम माता-पिता हमेशा से करते आए हैं। यह अच्छी बात है कि बच्चे सवाल पूछते हैं। सीखने का इससे बढ़िया कोई और तरीका नहीं हो सकता। सभी बच्चों के पास सीखने के दो स्रोत होते हैं कल्पनाशीलता और उत्सुकता माता-पिता के रूप में आप अपने बच्चों की कल्पनाशीलता व उत्सुकता को बढ़ावा देकर उसे सीखने के आनंद से सराबोर कर सकते हैं। शिक्षण और सीखना महज स्कूल की चारदीवारी के भीतर संपन्न होने वाली रहस्मय गतिविधियाँ नहीं हैं। वे तब भी होती हैं, जब माता-पिता और बच्चे बेहद आसान चीजों को साथ-साथ करते हैं। उदाहरण के लिए, धुलने वाले कपड़ों के ढेर से मोजों को उनके जोड़े के हिसाब से छाँटकर गणित और विज्ञान की गुत्थियाँ सुलझा सकते हैं। साथ मिलकर खाना बना सकते हैं, क्योंकि खाना बनाने से गणित और विज्ञान के अलावा सेहत की भी सीख मिलती है। एक-दूसरे को कहानियाँ सुना सकते हैं। कहानी सुनाना पढ़ने और लिखने का आधार है। उछल-कूद वाले खेलों से बच्चे गिनती सीखते हैं और जीवन-पर्यंत अच्छी सेहत का पाठ भी पढ़ते है। बच्चों के साथ मिलकर कुछ करने से आप समझ जाएँगे कि सीखना मनोरंजक और बेहद महत्त्वपूर्ण क्रिया-कलाप है। बच्चों के पास सीखने के स्रोत में से एक है।

क्यों ? एक ऐसा सवाल है, जिसका जवाब देने का प्रयास हम माता-पिता हमेशा से करते आए हैं। यह अच्छी बात है कि बच्चे सवाल पूछते हैं। सीखने का इससे बढ़िया कोई और तरीका नहीं हो सकता। सभी बच्चों के पास सीखने के दो स्रोत होते हैं कल्पनाशीलता और उत्सुकता माता-पिता के रूप में आप अपने बच्चों की कल्पनाशीलता व उत्सुकता को बढ़ावा देकर उसे सीखने के आनंद से सराबोर कर सकते हैं। शिक्षण और सीखना महज स्कूल की चारदीवारी के भीतर संपन्न होने वाली रहस्मय गतिविधियाँ नहीं हैं। वे तब भी होती हैं, जब माता-पिता और बच्चे बेहद आसान चीजों को साथ-साथ करते हैं। उदाहरण के लिए, धुलने वाले कपड़ों के ढेर से मोजों को उनके जोड़े के हिसाब से छाँटकर गणित और विज्ञान की गुत्थियाँ सुलझा सकते हैं। साथ मिलकर खाना बना सकते हैं, क्योंकि खाना बनाने से गणित और विज्ञान के अलावा सेहत की भी सीख मिलती है। एक-दूसरे को कहानियाँ सुना सकते हैं। कहानी सुनाना पढ़ने और लिखने का आधार है। उछल-कूद वाले खेलों से बच्चे गिनती सीखते हैं और जीवन-पर्यंत अच्छी सेहत का पाठ भी पढ़ते है। बच्चों के साथ मिलकर कुछ करने से आप समझ जाएँगे कि सीखना मनोरंजक और बेहद महत्त्वपूर्ण क्रिया-कलाप है। गद्यांश के आधार पर कहा जा सकता है कि: