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Class 10
PHYSICS
मेंढक की टांगों के निर्यात का जैवविविधता...

मेंढक की टांगों के निर्यात का जैवविविधता पर प्रतिकूल प्रभाव हुआ है। इस कथन को समझाइये।

लिखित उत्तर

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यह एक प्राकृतिक संसाधनों का अनियंत्रित विदोहन का उदाहरण है। मानव ने व्यावसायिक लाभ के लिए सजीवों का अत्यधिक व अनियंत्रित दोहन किया है। उदाहरणस्वरूप, यूरोप एवं उत्तरी अमेरिका में मेंढक की टांगों का उपयोग खाने में स्वाद बढ़ाने के लिए होता है। भारत सहित अनेक एशियाई देश मेंढक की टाँगों का निर्यात करते हैं। सन 1983 में भारत ने 3650 मीट्रिक टन मेंढक की टाँगे निर्यात की जिसके कारण जंगलों में मेंढक की संख्या कम होती गई तथा ऐसे किट जिन्हे मेंढक कहते थे, की संख्या में अप्रत्याशित वृद्धि हो गई। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए 1 अप्रैल, 1987 से भारत सरकार को मेंढ़कों के व्यवसाय पर प्रतिबन्ध लगाना पड़ा।
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